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Tuesday, 25 July 2017

सबसे मूल्यवान हीरा “कोहिनूर” | Kohinoor Diamond History In Hindi

जब हीरे की बात की जाए तो दुनिया के सबसे प्राचीन और मूल्यवान कोहिनूर हीरे – Kohinoor Diamond को कोई कैसे भूल सकता है। वास्तव में इसे कोह-ए-नूर कहा जाता है, जो एक पर्शियन शब्द है जिसका अर्थ रोशनियों के पहाड़ से है। यदि आप इस हीरे के बारे में और कुछ जानना चाहते है तो हम यहाँ आपको कोहिनूर हीरे – Kohinoor Hira के बारे में बताने जा रहे है –

सबसे मूल्यवान हीरा “कोहिनूर” – Kohinoor Diamond History In Hindi

कोहिनुर एक विशाल, रंगो से भरा हीरा है जो 13 वी शताब्दी में भारत के आंध्र प्रदेश के गुंटूर के पास मिला था। इसका वजन 793 कैरेट (158.6 ग्राम) है और सबसे पहले यह ककटिया साम्राज्य में था। पिछले सौ सालो में यह हीरा कई लोगो के पास गया और अंत में 1849 में ब्रिटिश के पंजाब अधिग्रहण के बाद रानी विक्टोरिया के पास चला गया।
1852 में रानी विक्टोरिया के पति प्रिंस अल्बर्ट ने इसे कटवाकर 186 कैरेट का बनवाया था। आज यह टुकड़ा महारानी विक्टोरिया के ताज में लगा हुआ है, जो उनके ताज की शोभा बढ़ाता है। इस हीरो के पाने के लिए भी इतिहास में कई युद्ध हुए है।
आज यह हीरा महारानी विक्टोरिया के ताज में लगा हुआ है, टॉवर ऑफ़ लंदन में हर साल कई लोग इस हीरे को देखते है। भारत, पकिस्तान, ईरान और अफगानिस्तान सरकार ने कई बार इस हीरे पर अपना अधिकार होने का दावा किया है और उसे वापिस भी माँगा है। लेकिन इस हीरे को लेकर इतिहास में बहोत सी कथाये प्रचलित है लेकिन ब्रिटिश सरकार ने दावा किया है की उन्होंने इस हीरे को लीगली (Legally) हासिल किया है।
कोहिनूर हीरे का इतिहास – Kohinoor Diamond History
निश्चितरूप से कोहिनूर की उत्पत्ति को लेकर कोई इतिहासिक शोधपत्र नही है। कुछ इतिहासिक जानकारों के अनुसार 3000 BC का यह एक शाही खजाना था। कहा जाता है की 13वी शताब्दी में हिन्दू ककटिया साम्राज्य में भारत के आंध्र प्रदेश के गुंटूर जिले की कोल्लूर सुरंग से निकाला गया था। 14 वी शताब्दी के प्रारम्भ में ही दिल्ली सल्तनत के तुर्की ख़िलजी साम्राज्य के दूसरे शासक अलाउद्दीन ख़िलजी और उनकी सेना ने दक्षिण भारत को लूटना शुरू कर दिया। 1310 में ख़िलजी के जनरल मालिक काफूर ने वरंगल पर विजय पाया और तभी सफलतापूर्वक उन्होंने हीरे को हासिल कर लिया।
तब कोहिनूर हीरा ख़िलजी साम्राज्य में गया और बाद में तुर्की मुग़ल शासक बाबर ने इसे हथिया लिया था, जिसने भारत पर 1526 में आक्रमण कर मुग़ल साम्राज्य की स्थापना की थी। उस समय उस हीरे को “बाबर का हीरा” नाम भी दिया गया था, और जैसे-जैसे यह हीरा अलग-अलग शासको के पास जाता रहा वैसे-वैसे इसके नाम भी बदलते गए। इतिहास में बाबर और उनके बेटे और हुमायूँ तीनो ही का अपने शासनकाल में कोहिनूर पर अधिकार था।
पूरी दुनियाँ में कोहिनूर हीरा सबसे कीमती और प्रसिद्ध माना जाता है जिसकी कीमत अभी भी पूरी तरह से नहीं लगायी जा सकी है लेकिन ऐसा माना जाता है की इसके साथ एक ऐसा अभिशाप जुड़ा हुआ है जिससे आजतक कोई नहीं बच पाया। कहा जाता है की यह हीरा अभिशापित है जिस कारण यह जिस किसी के भी पास जाता है उसे यह पूरी तरह से बर्बाद कर देता है, अनेक लोगो ने, शक्तिशाली राजपरिवारो ने इसे पाना चाहा लेकिन यह जिस किसीके भी पास गया उसे बर्बाद कर गया और कई ऐतिहासिक राज परिवारो के पतन के साथ भी इस हीरे का नाम जुड़ा है।
बहुत से लोग इसे सम्यन्तक मणि भी कहते है और इसके बारे में कहाँ जाता है की इसे भगवान् सूर्य ने अपने प्रबल भक्त ‘सत्राजित’ की तपस्या से प्रसन्न होकर उसे वरदान स्वरुप दिया था और यही इसके उत्पत्ति की कहानी मानी जाती है और यही से इसकी अभिशप्त कहानी शुरू होती है। पुराणों के अनुसार यह हीरा एक दिन सत्राजित से खो गया और इसका झूठा आरोप श्रीकृष्ण पर लगा, परन्तु श्रीकृष्ण ने यह हीरा ढूंढ कर वापस सत्राजित को दे दिया और सत्राजित ने श्रीकृष्ण से प्रभावित हो यह उन्हें ही भेंट कर दिया, इसीलिए कहाँ जाता है की श्री कृष्ण पर झूठे आरोप से इस हीरे की अभिशापित कहानी शुरू हुई और बाद में इसी हीरे के कारण यदुवंश का विनाश भी हुआ। यदुवंश के विनाश के बाद यह हीरा इतिहास में कहीं खो गया और मध्यकाल तक इसका कोई उल्लेख नहीं मिलता लेकिन सन 1306 में एक लेख लिखा गया जिसमे पहली बार इस हीरे का उल्लेख किया गया, इस लेख में मुताबिक जो भी इस हीरे को अपने पास रखेगा उसे बुरीतबाही का सामना करना पड़ेगा, परन्तु तब के शासको ने बात को हँसी में उड़ा दिया लेकिन कोहिनूर ने अपना असर दिखाना जारी रखा।
कोहिनूर हीरे की कुछ रोचक बाते – Interesting Facts About Kohinoor Diamond
1. कोहिनूर हीरा – Kohinoor Heera फ़िलहाल यूनाइटेड किंगडम के कब्जे में है –
हाँ, यह सच है, और आप इसे वापिस भारत में लाने के लिए कुछ नही कर सकते। आप चाहे इसे मनो या ना मानो, आप इस बात को झुटला नही सकते की फिलहाल कोहिनूर हीरा UK के कब्जे में है।
2. कहा जाता है की इस हीरे पर एक श्राप है-
1306 में लिखित हिन्दू इतिहास के अनुसार उसी समय कोहिनूर इतिहास की खोज की गयी थी। हिन्दू इतिहास में लिखे दस्तावेजो के अनुसार इस हीरे को सिर्फ महिलाये ही धारण कर सकती थी और किसी भी पुरुष को इसे धारण करने की इज़ाज़त नही थी। क्योकि इसपर श्राप था की यदि किसी इंसान ने इसे धारण किया तो उसका और उसके राज्य का पतन हो जायेगा और इतिहास में हमें इसके पुख्ता सबुत भी मिलते है।
3. यूनाइटेड किंगडम में शाही परिवार के लोग इसका उपयोग करते थे –
सबसे पहले रानी विक्टोरिया ने इसका उपयोग किया। बाद में रानी विक्टोरिया की मौत के बाद रानी एलेग्जेंड्रा के ताज में इसे स्थापित किया गया था। रानी एलेग्जेंड्रा महान राजा एडवर्ड VII की पत्नी थी, 1902 में यह हीरा उनके ताज में लगाया गया था। 1911में यह हीरा रानी मैरी के पास गया।
4. वास्तव में कोहिनूर लगबग 800 कैरेट का था –
ये सही है, इसका वजह समय के साथ-साथ कम होता गया। बल्कि इस हीरे के कई टुकड़े भी किये गए थे, राष्ट्रिय खजाने में जाने से पहले इतिहास में इस हीरे को कई बार काटा गया था। प्राचीन समय में इस हीरे को विश्व का सबसे विशाल हीरा कहा जाता था।
5. कुछ समय बाद मुग़लो ने ग्वालियर के राजा बिक्रमजीत से छीन लिया था –
जबतक बाबर ने कोहिनूर हीरे पर अपना अधिकार नही जमा लिया था तबतक भारत में इस हीरे को पाने के लिए कई युद्ध हुए। 1526 में बाबर ने पानीपत का युद्ध जीत लिया था और इसके बाद बाबर ने कोहिनूर को भी हथिया लिया था। 200 वर्षो तक कोहिनूर हीरा बाबर के साम्राज्य में रहा था।
6. कोहिनूर हीरा सर्वप्रथम भारत की सरजमी पर ही पाया गया था –
देश के दक्षिण भाग में कुछ लोगो के समूह ने इसकी खोज की थी। यह क्षेत्र भारत के आंध्र प्रदेश राज्य के गोलकोंडा भाग में आता है। जहा उस समय ककटिया साम्राज्य का शासककाल था।
7. कोहिनूर को “बाबर का हीरा” कहा जाने लगा –
बाबर के बाद यह हीरा साम्राज्य के उत्तराधिकारियों के पास गया। लेकिन फिर बाद में पर्शियन जनरल नादिर शाह ने औरंगजेब को पराजित कर इसे हासिल कर लिया था। वे कोहिनूर को कोह-ए-नूर कहते थे।
8. 14 वी शताब्दी में इसका मालिकाना हक्क मलिक काफूर ख़िलजी को मिला था
हाँ, ऐसा हुआ था, ख़िलजी साम्राज्य के गवर्नर जनरल ने भारतीय दक्षिण क्षेत्र पर आक्रमण कर दिया था और सफलतापूर्वक काकटिया साम्राज्य से कोहिनूर हीरे को छीन लिया था।
9. दलीप सिंह ने खुद कोहिनूर हीरा ब्रिटिश साम्राज्य की रानी को सौपा था। कहा जाता है की उस समय के भारतीय गवर्नर जनरल लार्ड डलहौजी के प्रार्थना करने पर उन्होंने ऐसा किया था।

बॉलीवुड के बादशाह शाहरूख खान की कहानी | Shahrukh Khan biography in Hindi

Shahrukh Khan – शाह रुख खान जो SRK के नाम से भी जाने जाते है। एक भारतीय फिल्म अभिनेता, निर्देशक और टेलीविज़न कलाकार भी है। जिन्हें मीडिया में “बॉलीवुड का बादशाह”, “किंग ऑफ़ बॉलीवुड” और “किंग खान” भी कहा जाता है।
शाहरुख़ खान अब तक 80 से भी ज्यादा बॉलीवुड फिल्म कर चुके है। लोस एंजेल्स के टाइम्स पत्रिका के अनुसार वे “दुनिया के सबसे बड़े मूवी स्टार” के नाम से भी जाने जाते है। जिनके चाहते भारत के साथ-साथ पुरे एशिया में भी फैले हुए है।
दुनिया में सबसे अमीर कलाकारों में शाहरुख़ खान भी शामिल है। जिनकी संपत्ति तक़रीबन 400-600 US$ बताई जाती है, और उनके बॉलीवुड में इस तरह के महान कार्य के लिए उन्हें कई पुरस्कार भी दिए गये है, जिनमे 14 फिल्मफेयर अवार्ड भी शामिल है।

बॉलीवुड के बादशाह शाहरुख खान – Shahrukh Khan biography in Hindi

पूरा नाम  – शाहरुख खान
जन्म       – 2 नवम्बर 1965
जन्मस्थान – न्यू-दिल्ली
पिता       – मीर ताज मोहम्मद खान
माता       – लतीफ़ फातिमा
शाहरुख़ खान का जन्म 2 नवम्बर 1965 को न्यू-दिल्ली में हुआ। उन्होंने अपने जीवन के पहले पाच साल मँगलोर में बिताये। जहा 1960 में उनके नाना इफ्तियार अहमद एक इंजिनियर थे। और उनके दादा जान मुहम्मद अफगानिस्तान के जातीय पठान थे। खान के पिता मीर ताज मोहम्मद खान ब्रिटिश इंडिया के पेशावर (अभी का पकिस्तान) के स्वतंत्रता सेनानी थे।
2010 तक खान का पैतृक परिवार किस्सा खावानी बाज़ार के शाह वाली क़ताल गली, पेशावर में रहते थे। मीर ये खान अब्दुल गफ्फार खान के अनुयायी थे और भारतीय राष्ट्रिय कांग्रेस से जुड़े हुए थे। 1947 में भारत विभाजन से पूर्व ही वे नयी दिल्ली आ गये थे। खान की माता लतीफ़ फातिमा, Shahrukh Khan का पालन पोषण राजेन्द्र नगर में ही हुआ, जो दिल्ली के ही आस-पास स्थित है।
वहा उनके पिता कई तरह का व्यापार करते थे जिनमे उनका एक रेस्टोरेंट भी शामिल है, उनका परिवार माध्यम-वर्गीय था जो एक किराये के अपार्टमेंट में रहते थे।
शाहरुख़ खान ने अपनी प्रारंभिक शिक्षा सेंट कोलंबिया स्कूल (दिल्ली) से पूरी की, जहा वे पढाई के साथ-साथ खेल-कूद में भी अव्वल थे। उन्हें उनके विद्यार्थी जीवन में कई पुरस्कार मिले। उनके युवा दिनों में वे कई नाटको में हिस्सा लेते थे और अलग -अलग भूमिका अदा करते थे।
शाहरुख़ खान के युवा दिनों में बॉलीवुड में अमिताभ बच्चन और मुमताज़ उनके प्रिय कलाकार थे। उनके बचपन की उनकी सहेली और सह-कलाकार अमृता सिंह थी, जो बाद में बॉलीवुड अभिनेत्री बनी। बाद में खान को हंसराज महाविद्यालय (1985-88) में डाला गया जहा उन्होंने इकनोमिक की डिग्री प्राप्त की, लेकिन वे महाविद्यालय में जाने की बजाये अपना ज्यादातर समय दिल्ली थिएटर एक्शन ग्रुप में व्यतीत करते थे।
जहा बैरी जॉन के प्रशिक्षण में वे एक्टिंग सीखते थे। हंसराज के बाद भी मास्टर डिग्री प्राप्त करने जामिया मिल्लिया इस्लामिया भी गये लेकिन एक्टिंग में अपना करियर बनाने की वजह से उन्हें वो बिच में ही छोड़ना पड़ा। बाद में बॉलीवुड के उनके प्रारंभिक काल में वे दिल्ली के ड्रामा स्कूल में जाते थे।

शाहरुख़ खान करियर – Shahrukh Khan career

Shahrukh Khan ने अपना करियर 1980 के अंत में टेलीविज़न से ही शुरू किया था। और बॉलीवुड में उन्होंने अपना शुभारम्भ 1992 में दीवाना फिल्म से किया था।
अपने प्रारंभिक फिल्मो में वे खलनायक की भूमिका में ज्यादा प्रसिद्द हुए, उन्होंने डर (1993), बाज़ीगर (1993) और अंजाम (1994) में खलनायक की भूमिका निभाई। और बाद में उन्होंने रोमांटिक फिल्मो को करना भी शुरू किया जिनमे दिलवाले दुल्हनिया ले जायेंगे (1995), दिल तो पागल है (1997), कुछ-कुछ होता है (1998) और कभी ख़ुशी कभी गम (2001) भी शामिल है।
बाद में उन्होंने देवदास (2002) में एक व्यसनी की और स्वदेश (2004) में एक नासा वैज्ञानिक, चक दे इंडिया (2007) में हॉकी प्रशिक्षक और माय नेम इस खान (2007) में एक अस्पेर्गेर सिंड्रोम से पीड़ित व्यक्ति की भूमिका अदा की जिसे दर्शको का बहोत प्रतिसाद मिला।
उनकी बहोत सी फिल्मो को भारत की राष्ट्रिय पहचान के रूप में दर्शाया गया और उनकी बहोत सी फिल्मो का प्रवासियों से, विशिष्ट प्रजातियों से, विशिष्ट धर्मो से, विशिष्ट लोगो से संबंध भी है। हिंदी फिल्म जगत में उनके इस महान कार्य के लिए भारत सरकार ने उन्हें पदम् श्री का सम्मान भी दिया।
2015 में खान मोशन फिल्म निर्माता कंपनी रेड चिली एंटरटेनमेंट के सह-अध्यक्ष बने और साथ ही इंडियन प्रीमियर लीग की क्रिकेट टीम कोलकाता नाइट राइडर्स के सह-मालक भी बने। वे एक सफल टेलीविज़न कलाकार (शो प्रेसेंटर) और स्टेज शो प्रदर्शक है। उनके इस काम के लिए मीडिया ने उन्हें “ब्रांड SRK” का उपनाम भी दिया।
शाहरुख़ खान ने अपने जीवन में कई सामाजिक काम भी किये वे कई सामाजिक संस्थाओ से जुड़े हुए है। और कई स्वास्थ संबंधी संस्थाओ से जुड़कर लोगो की सेवा करते रहते है। उन्होंने आपतकालीन परिस्थितियों में कई बार लोगो की मदद भी की है, और गरीब अवन अनाथ बच्चो की पढाई में भी वे मदद करते है। 2008 में Newsweek पत्रिका ने उन्हें विश्व के 50 शक्तिशाली लोगो की सूचि में भी शामिल किया था।
25 अक्टूबर 1991 को एक पंजाबी-हिंदु लड़की गौरी छिब्बर से हिंदु परम्पराओ के अनुसार शादी की। उन्हें एक लड़का आर्यन (जन्म 1997) और एक लड़की सुहाना (जन्म 2000) है। 2013 में, वे तीसरे बच्चे के माता-पिता बने जिसका नाम अब्राम है (Shahrukh Khan Son) खान के अनुसार, उनका इस्लाम पर पूरा भरोसा है लेकिन वे अपनी पत्नी के धर्म को भी उतना ही महत्त्व देते है। उनके बच्चे भी दिल से दोनों धर्मो को मानते है। उनके घर में जहा कुरान रखी है वाही दूसरी और हन्दू देवताओ को भी रखा गया है।
शाहरुख़ खान, जिसे आज भारत ही क्या पुरे विश्व में बच्चा-बच्चा जानता है। उनकी रोमांटिक फिल्मो को देखते हुए हाल ही उन्हें एक नया नाम “किंग ऑफ़ रोमांस” भी दिया गया।
शायद ही आज तक फिल्मो के मामले में शाह रुख खान के रिकॉर्ड को कोई तोड़ पाया होगा। उनकी हर फिल्म का दर्शक बेसब्री से इंतजार करते रहते है। वे बोवूद के बेताज बादशाह है।
लेकिन इस बात का शाहरुख़ खान ने कभी घमंड नही किया, वे सदैव गरीबो, पीडितो की मदत करने के लिए तैयार रहते है। और बच्चो को शिक्षा देने के लिए कई संस्थाए भी चला रहे है। एक कलाकार होने के बावजूद उनमे इतनी खूबिया है। निच्छित ही शाहरुख़ खान भारत का सदैव चमकते रहने वाला “कोहिनूर हीरा” है।

Saturday, 22 July 2017

Youtube पर मात्र दो Videos Upload से कैसे कमाता है, ₹3-4 लाख महिने ? Bhuvan Bam की पूरी कहानी

Bhuvan Bam | किसी ने सही कहा, “सफलता और असफलता के बीच Interest होता है।” जी हाँ, यदि किसी Particular Work में आपकी रुचि है, तो उसे आप पूरी मेहनत के साथ पूरा करने की कोशिश करेंगे। मजे की बात आपके लिए यह रहेगी कि इस काम करते हुए आप Enjoy ही करेंगे, क्योंकि आपकी रुचि है ना।



ऐसे में यदि कोई व्यक्ति यंग होने पर भी वही करें, जिसे वो बचपन में भी चाहता था। तो उसका सफल होने का चांस 99% हो जाता है।
कुछ ऐसी ही कहानी BB Ki Vines के Founder Youtube Superstar Bhuvan Bam की है, बचपन में क्लास के Entertainer थे और अब उसी Entertaining Skill को आगे बढाते हुए Success के नए झंडे गाड़ चुके है। आज वे Youtube पर 2 Million Subcribers पाने वाले पहले Indian Individual Youtuber है। इन Subscribers में केवल इंडियन ही नहीं, बल्कि पाकिस्तानी, बंगलादेशी और नेपाली फोलोवर्स भी बड़ी तादाद है।
आपको जानकार हैरानी होंगी, कि Bhuvan Bam ने इतनी बड़ी Success मात्र दो सालों में पाई, जिसे जो भी जानता है, वो दांतों तले उँगलियाँ दबाये बिना नहीं रह पाता है।
आखिर पढ़ाई में फ्लॉप रहे, Bhuvan Bam  ने इतनी बड़ी सफलता इतनी तेजी से कैसे पाई? यहीं सब जानेंगे, इस Hindi Biography से….

Childhood

Bhuvan Bam का जन्म दिल्ली में हुआ था। उन्होंने स्कूली शिक्षा दिल्ली के ग्रीन फील्ड स्कूल से की।

Education

शुरू से ही वे पढ़ाई में बड़े निठल्ले थे, लेकिन क्लास में एंटरटैनिंग के मामले में अव्वल थे। उनका मन किताबों के बजाय बाहर की लुभावनी चीजों जैसे म्यूजिक, जोक्स आदि पर ज्यादा लगता था।
जैसे-तैसे उन्होंने मेट्रिक पास की। पैरेंट्स ने कॉमर्स में अच्छा स्कोप होने को बताकर उन्हें कॉमर्स दिला दिया। लेकिन उनका मन पढ़ाई में बिलकुल भी नहीं लगता था, मसलन वे म्यूजिक instrument सीखने और Singing पर ज्यादा ध्यान देते थे।
इन्हीं कारणों के कारण Intermediate के Exam में काफी कम अंक आए। जिससे उनके पैरेंट्स ने उन्हें Commerce को जारी रखने के लिए फोर्स नहीं किया।
इसलिए उन्होंने डीयू की शहीद भगत सिंह कॉलेज में हिस्ट्री ऑनर्स सब्जेक्ट लेकर पढ़ाई करने लगे और बाकी समय में अपने पैशन म्यूजिक पर काम करने लगे।

Singing

इन्हीं दिनों उन्होंने पास के रेस्टुरेंट्स में शाम 9-12 बजे तक Singing करने लगे, जहां उन्होंने करीब 2 सालों तक काम किया।
रेस्टुरेंट्स में इतने समय तक काम करने की वजह उनकी सिंगिंग में बहुत निखार आया। इसके बाद उन्होंने खुद एक गाना लिखा, गाया और कम्पोज़ किया। जिसे उन्होंने सोशल साइट्स पर अपलोड कर दिया, जो देखते-देखते कुछ दिनों के अंदर वायरल हो गया।
जिससे इस गाने की बेहतरीन Quality से Foxstar Studio जैसे बड़े Production House बिना मोहित हुए रह नहीं पाया।
Foxstar Studio से उनको कॉल आया। उन्हें विलेज पर बेसड़ फिल्म के लिए गाने चाहिए था। फिर भुवन ने दो गाने बनाए और Foxstar Studio को दिखाये। पर उन्हें गाने पसंद नहीं आए।
तब भुवन ने घर के ऊपरी रूम में बैठकर खाने-पीने की चिंता छोड़कर लगातार दस दिन तक काम किए और सात गाने बना डाले। तब Foxstar Studio को दिखाये। इस बार भी Foxstar Studio वालों ने नापसंद कर दिया।
तब उन्हें अहसास हुआ कि कभी किसी के लिए फ्री में काम नहीं करना चाहिए।

Youtube Star बनने का सफर

उन्हीं दिनों जम्मू-कश्मीर बाढ़ आया हुआ था। जिसमें एक लड़का बह जाता। तब एक रिपोर्टर आता है, और उस लड़के के माँ से कहता है,
आपको कैसा महसूस हो रहा है
यह देखकर भुवन को बड़ा अजीब लगा। उन्होंने कहा, आखिर कैसे एक इंसान इतना असंवेदनशील हो सकता है ?
इसी घटना पर उन्होंने अपनी पहली वीडियो बनाई और Facebook Profile पर अपलोड कर दी। दोस्तों ने देखा और कहा,
भुवन लोग ये सब पसंद नहीं करेंगे। बंद कर दो।
लेकिन भुवन ने वीडियो बनाना जारी रखा। इस तरह चार वीडियो का सेट बना दिया और उन्हें चौथी वीडियो पर 15 likes मिले। जिससे उत्साहित होकर कई वीडियोज़ और बना डाले।
तब किसी दोस्त ने उन्हें बताया कि वीडियोज़ को Facebook पर अपलोड करने के बजाय YouTube पर करें। इससे पर्सनल प्रोफ़ाइल भी इफेक्ट नहीं होंगी और YouTube से Earning भी हो जाएंगी।
फिर भुवन ने अपनी Nexus फोन से पहली वीडियो बनाया और Youtube पर BB Ki Vines चैनल बनाकर अपलोड कर दी।
यह वीडियो कुछ हफ्तों में 50 हजार व्यूज पार कर गई। जब उन्होंने Comment Section चेक किया तो पता, यह वीडियो पाकिस्तान के किसी कॉलेज में Viral हो गई।
उसी दिन Facebook पर उनके 30 हजार फ़ोलोवर्स भी जुड़ गए। उन्हें समझ में नहीं आ रहा था कि आखिर एक मिडल क्लास का छोरा इतनी बड़ी सफलता इतने कम टाईम में कैसे पा सकता है।
खैर, इतनी ज्यादा व्यूज और फैन फोलोविंग ने उन्हें बता दिया कि, जो वो काम रहे है, वो लोगों को बेहद पसंद आ रही है, इसलिए उन्होंने कभी भी पीछे मुड़कर नहीं देखा।
देखते-देखते उनके वीडियोज़ को इतना पसंद किया जाए लगा कि एक दिन में ही 10 लाख व्यूज मिलने लगे और 29 जनवरी 2017 को YouTube पर 2 मिलियन Subscribers पार कर गए, जो ऐसा करने वाले भारत के पहले Individual YouTube बने।

About BB Ki Vines

भुवन बाम की वीडियो मेकिंग स्टाइल भारतीय मूल की International YouTube Superstar कनेडियन नागरिक लिली सिंह से मिलती है।
वैसे भुवन बाम अपने YouTube Videos में 15 Characters खुद Play करते है। जिसमें बंछोर दास, दादा जी, समीर, होला बेहद पोपुलर Character है।
भुवन हमेशा अपने वीडियोज़ के Originality, Quality और Creativity का पूरा ख्याल रखते है। यहीं उनके बुलेट सक्सेस की असली वजह है।
शुरुआत में भुवन वीडियोज़ की Editing Window Movie Maker से करते थे, लेकिन अब Final Cut Pro प्रयोग करते है।
उनकी Main Earning शादी, Parties, Festivals और Events में Singing करने से होती है। लेकिन भुवन की YouTube इतनी पोपुलरिटी है, कि महीने में मात्र दो वीडियोज़ अपलोड करने से 3-4 लाख रुपये कमा लेते है।
पर भुवन अभी तक एक बार भी अपनी YouTube Earning को बैंक में ट्रान्सफर नहीं किया।
वे कहते है,
माँ कहती है, खर्च कर देगा, इसलिए मैंने अपनी YouTube Earning कभी ट्रान्सफर नहीं किया। वह Dollars में जमा हो रहे है।

Bio Data

  • Name – Bhuvan Bam
  • Nick Name – Bam, BB
  • Date of birth – 21 January 1994
  • Place of birth – Delhi
  • Age – 22 Years (2017)
  • Height – 5’7”
  • Weight – 55 Kg

Friday, 21 July 2017

DHINCHAK POOJA BIOGRAPHY | Who Is Dhinchak Pooja ?

Dhinchak Pooja Wiki and Biography



Dhinchak Pooja was born on 16 December 1992 in Delhi. She is 24 years old. She is a huge fan of Jennifer Lopez and Rihanna. She often calls herself hashtag super-girl. She likes to wear T-shirt with quotes which say “Females are the future” in topsy turvy. Her songs are shot in famous shots in Delhi-NCR, like Lotus temple and India Gate. She does not have a gifted voice but she does not really care. She has achieved so much in a very short time. She truly amazed the viewers with her singing skills and dedication towards her work.


Boyfriend– This gorgeous singer is not dating anyone. She is very much single. She is currently focusing on her career building in music industry.
Bio Details-
  • Name: Dhinchak Pooja
  • Birth Place: Delhi, India
  • Date of Birth: 16 December, 1992
  • Age: 24 years
  • Education: MA Arts in English
  • Height: 5’5″ (approx.)
  • Hobbies: Singing and Travelling
  • Father: Updated Soon
  • Profession: Singer, Rapper
  • Nationality: Indian
  • Hometown: New Delhi
  • Favorite Food: Fast Food 
I hope, you get meaningful information about the talented girl Dhinchak PoojaHopeyou also get accurate description of her bio details. Share it with your friends on social networks if you like this article.

Wednesday, 28 June 2017

सलमान खान की अनसुनी कहानी | Salman Khan Biography in Hindi

Salman Khan – अब्दुल रशीद सलीम जो ज्यादातर सलमान ख़ान के नाम से ही जाने जाते है, वे एक भारतीय फिल्म अभिनेता, निर्माता और एक प्रसिद्ध टेलीविज़न कलाकार है. जिन्हें मीडिया में “बॉलीवुड का टाइगर”, “सबसे सफल खान”, “सफल फिल्मो का बादशाह”, और आम तौर पर उन्हें उनके चाहने वाले “भाईजान” और “सल्लू” के नाम से भी पुकारते है.

पूरा नाम    – अब्दुल रशीद सलीम सलमान खान
जन्म        – 27 दिसंबर 1965.
जन्मस्थान – इंदोर, मध्यप्रदेश
पिता        – सलीम खान
माता        – सुशीला चारक

सलमान खान – Salman Khan biography

CNN की रिपोर्ट के अनुसार वे दुनिया के महान कलाकारों में से एक है उनके ज्यादातर चाहने वाले एशिया और प्रवासी भारतीयों में से भी है. वे आज भी मीडिया में भारतीय सिनेमा के सबसे ज्यादा प्रचलित, अबसे अच्छे और आर्थिक रूप से सफल कलाकार माने जाते है.


एक अभिनय करने वाले कलाकार के साथ-साथ वे एक स्टेज कलाकार भी है और हमेशा अपने भाई सुबान अहमद खान के साथ मिलकर उनकी संस्था “बीइंग ह्यूमन” को साथ में लेकर सामाजिक भलाई के काम करते रहते है. सलमान खान का व्यक्तिगत जीवन पूरी तरह से विवादों और क़ानूनी परेशानियों से घिरा हुआ है उनका ऐश्वर्या राय के साथ के उपद्रवी रिश्ते ने, समस्याग्रस्त प्रजाति का शिकार, वाहन चलाते समय अयोग्यता ऐसे कई मामले दर्ज है जिनमे उनके वाहन के निचे एक की मौत हो गयी थी, इस खबर के साथ मीडिया ने सलमान खान का काफी अपमान भी किया था. और इस विवाद के अंत में सन 2015 में उन्हें पाच साल की सजा सुनाई गयी.
USD 33.5 मिलियन की कमाई के साथ सलमान खान फ़ोर्ब्स की विश्व के सबसे ज्यादा फीस लेने वाले कलाकारों में 7 वे नंबर पर है, जो हॉलीवुड कलाकार ड्वायने द रॉक जॉनसन, जोंनी डिप्प, ब्रैड पित्त और लेओनार्दो दीकैप्रियो से कई ज्यादा है. वे भारत के सबसे लोकप्रिय लोगो की सूचि में अमेरिका के राष्ट्रपति बराक ओबामा से भी आगे है, वे आज भी भारत के लोकप्रिय लोगो में से एक है. और सितम्बर 2015 में किसी पत्रिका में उन्हें भारत का “Most Attractive Personality” के खिताब से नवाजा गया.

Biography Of Salman Khan in Hindi – सलमान खान का आरंभिक जीवन

सलमान खान ये चलचित्र लेखक सलीम खान और उनकी पहली पत्नी सुशीला चारक (सलीम खान की पहली पत्नी) के सबसे बड़े बेटे है. उनके पिता के पैतृक ये अफगानिस्तान के पश्तून से थे जो बाद में इंदोर, मध्यप्रदेश आके बसे. खान भाइयो की माता ये हिंदु थी, जिसके पिता बलदेव सिंह चरक जम्मू-कश्मीर से आये थे और माता महाराष्ट्र से. सलमान खान ये बताते है की वे हिंदु और मुस्लिम दोनों ही है.
सलमान ख़ान (Salman Khan) की सौतेली माँ हेलेन है, जो खुद भी अभिनेत्री थी, जो उनके साथ कई फिल्मो में सह-अभिनेत्री भी रह चुकी है. सलमान खान को दो भाई है, अरबाज़ खान जिन्होंने एक अभिनेत्री से शादी की जिसका नाम मल्लिका अरोरा खान है और दुसरे भाई सोहिल खान है और दो बहने अलविरा खान अग्निहोत्री जिसने अभिनेता अतुल अग्निहोत्री से शादी कर ली और दूसरी बहन अर्पिता खान को दत्तक लिया.
सलमान खान ने अपना प्राथमिक शिक्षण सेंट.स्तानिस्लौस हाई स्कूल से पूर्ण किया जहा उनके साथ उनके भाई अरबाज़ और सोहेल भी थे. और बाद में वे अपने छोटे भाई अरबाज़ के साथ स्सिन्डिया स्कूल में पढ़े. और अंत में वे Elphinstone College गये जहा उन्हें द्वितीय वर्ष में निकाला गया.
चलचित्र लेखक सलीम के बेटे, सलमान ख़ान ने अपना करियर सह कलाकार के रूप में बीवी हो तो ऐसी(1988) से शुरू किया. और सलमान की मुख्य कलाकार के रूप में पहली फिल्म सूरज बर्जात्य की मैंने प्यार किया(1989) रही, ये उनकी पहली व्यावसायिक रूप से सफल फिल्म थी. वे बॉलीवुड की कुछ सफल फिल्मो में स्टार कलाकार की भूमिका करते रहे, जैसे एक रोमांटिक पारिवारिक फिल्म हम आपके है कौन… जो दीपा जैन ने 1994 में लिखी, फिर एक एक्शन फिल्म करन अर्जुन (1995), कॉमेडी फिल्म बीवी नं.1(1999), और एक पारिवारिक नाटक हम साथ-साथ है(1999) भी शामिल है. उन्हें करन जौहर के रोमांटिक नाटकीय फिल्म कुछ कुछ होता है(1998) में उनके रोल के लिए फिल्मफेयर बेस्ट सपोर्टिंग कलाकार का अवार्ड मिला. फिर कुछ समय के लिए 2000 में उनकी मांग कम होने के बाद, सन 2010 में कई सारी सुपरहिट फिल्मो में स्टार रोल करने के बाद वे फिर से बॉलीवुड के सबसे सफल कलाकार कहलाये.
इन सफल फिल्मो में दबंग(2010), बॉडीगार्ड(2011), एक था टाइगर(2012), किक(2014) और बजरंगी भाईजान(2015) का समावेश हैजिसमे उनके साथ काफी बेहतरीन किरदार निभाया नवाज़ुद्दीन सिद्दीकी ने. उनकी 8 से भी ज्यादा सफल फिल्मो ने 1 बिलियन से भी ज्यादा की कमाई की, और 9 अलग-अलग वर्षो में सबसे बड़ी फिल्म ओपनिंग का रिकार्ड भी उन्ही के नाम है. उनके फिल्म जगत में इस तरह के प्रेरणादायक काम के लिए 2008 में मनोरंजन क्षेत्र में इतनी बड़ी सफलता के लिए राजीव गांधी पुरस्कार से सम्मानित किया गया.

Monday, 19 June 2017

GAURAV कैसे बने India के TECHNICAL GURUJI : BIOGRAPHY IN HINDI

Technical Guruji एक Youtube channel का नाम है जिसको चलाते है Gaurav Chaudhary. ये Dubai के रहने वाले है मतलब ये India के लिए एक NRI (Non-Resident Indian) है। इनका स्वभाव देख कर ये साफ़ पता चलता है की ये India से काफी ज्यादा प्यार करते है।  और एक बात बता दू की इनका channel Technical Guruji पहला ऐसा Indian टेक चैनल है जो इतना जल्दी Grow किया। इनका एक वेबसाइट भी है www.technicalguruji.in


कब चालु किये Youtube Channel ?

Gaurav Chaudhary ने अपना Youtube carrier October 5th, 2015 को सुरु किये थे। 

कैसे Grow किये YouTube पर ?

उन्होंने कभी भी grow करने के लिए उल्टा रास्ता नहीं अपनाया उन्होंने ने जो भी किया अगर वो आप करेंगे तो आप भी जल्दी ही grow कर जाएंगे। 
तो आइये जानते है की उन्होंने Grow करने के लिए क्या क्या किया। 


  • उन्होंने हमेसा अच्छी और जरुरत वाली विडियो बनाई है जो time के हिसाब से लोगो को जरुरत परे। 
  • उनका बोलने का अंदाज़ हमेसा से ही काफी Impressive है उनका और ये उनका बहुत बड़ा Plus Point है। क्योंकि आज के टाइम में बहुत सारे Tech Channel है लेकिन maximum लोग उन्हें ही सुनना चाहते है। 
  • उन्होंने time रहते दूसरे बड़े Youtuber से दोस्ती कर ली। उस time बस 2 ही बड़े Youtube Channel थे Gadget to Use और Sharmaji Technical और Technical Guruji ने इन दोनों से दोस्ती करली जिससे इनका नाम और content जल्दी ही लोगो के दिलो और Subscriber List में छा गया।   
  • इन्होंने  ने कभी भी आलस नहीं दिखाया और time to time Video Upload करते रहे। आज के टाइम में ये हर दिन 2 से 3 video अपलोड कर देते है और हर video एक Quality Video होती है। 

इनका Youtube का Monthly Income क्या है ?

Youtube का Income Fix नहीं होता वो Depends करता है Ads के CPC पर और एक और बात बता दू की जैसे जैसे channel grow करता है CPC rate बढ़ता रहता है और इसी आधार पर मैं इनका Monthly इनकम बता रहा हु। क्योंकि हो सकता है उन्हें इसे ज्यादा मिलता हो ये थोड़ा कम लेकिन मैं जो amount बताऊंगा वो अपने earning experience को देख कर बताऊंगा तो जाहिर सी बात है की उनका earning इससे कंही ज्यादा होता होगा। More then 5 Lakh, जी हां दोस्तों आपने सही पढ़ा वो पांच लाख से भी ज्यादा कमाते है सिर्फ youtube से। 

click here to visit
Technical Guruji YouTube Channel 
Technical Guruji Facebook Page

Friday, 2 June 2017

बराक ओबामा की जीवनी | Barack Obama Biography In Hindi

बराक ओबामा / Barack Obama ये यूनाइटेड स्टेट के 44 वे राष्ट्रपति है, और साथ ही पाहिले अफ्रीकन अमेरिकन है जिन्होंने उस पद को प्राप्त किया. उनका जन्म होनोलुलु, हवाई में हुआ, ओबामा ये कोलंबिया यूनिवर्सिटी और हार्वर्ड लॉ स्कूल से स्नातक हुए, जहा उन्होंने हॉवर्ड लॉ सर्वेक्षण के राष्ट्रपति बनकर सेवा की. अपनी लॉ की डिग्री प्राप्त करने से पहले वे शिकागो के सामाजिक प्रबंधक थे. वे नागरिको के हक्क प्राप्त करने के लिए वकील का कम करते थे और उन्होंने 1992 से 2004 के बिच शिकागो यूनिवर्सिटी के शिकागो लॉ स्कूल में सैवेधानिक कानून का अध्ययन भी किया. उन्होंने ल्ल्लिनोईस सीनेट में 1997 से 2004 तक 13 जिलो को पुनर्स्थापित करने का काम भी किया, जो सफलता पूर्वक यूनाइटेड स्टेट में आज भी चल रहा है.


बराक ओबामा – Barack Obama Biography In Hindi

पूरा नाम  – बराक हुसैन ओबामा II – Barack Obama
जन्म     – अगस्त 4, 1961
जन्मस्थान – होनोलुलु, हवाई
पिता     – बराक ओबामा सर एल लुओ
माता     – स्टैनले अन्न दुन्हम
विवाह    – मिशेल ओबामा
2004 में, ओबामा ने ध्यानपूर्वक अपने अभियान जो ल्ल्लिनोईस को यूनाइटेड स्टेट में सीनेट में लाने का था सीमाप्रांत प्रजातान्त्रिक पार्टी ने उन्हें जीत दिलाई. उनके मुलभुत भाषण ने राष्ट्रीय प्रजातान्त्रिक सम्मलेन को जुलाई में संबोधित किया, और उनके सीनेट के चुनाव को भी उनके भाषण ने संबोधित किया.उन्होंने अपने राष्ट्रपति पद का अभियान 2007 में शुरू किया और 2008 में उनके विरुद्ध उन्ही के पास की सहकर्मी हिलारी रोधम क्लिंटन थी. उनकी प्रजातान्त्रिक पार्टी के पर्याप्त प्रतिनिधि चुने गये थे जो उनके राष्ट्रपति पद के उम्मेदवार के लिए काफी थे. बाद में उन्होंने गणतांत्रिक उम्मेदवार जॉन मेकैन को प्रधान चुनाव में हराया. और 20 जनवरी 2009 को उन्होंने अपने राष्ट्रपति पद का शुभारंभ किया. शुभारंभ के 9 महीनो बाद ओबामा को 2009 में नोबेल शांति पुरस्कार से नवाजा गया.
उनके कार्यालय के 2 सालो में, ओबामा ने अर्थशास्त्र के कानूनों को प्रोत्साहन करने के लिए हस्ताक्षरित किया ताकि वे आसानी ने सबसे बड़ी आर्थिक मंदी से अमेरिका को छुड़ा सके और पुनर्निवेश एक्ट 2009 और टैक्स से राहत पा सके, उन्होंने कई कानूनों को बदला जैसे रोजगार निर्माण एक्ट 2010. उन्होंने अपने पहले कार्यकाल में मरीज प्रोटेक्शन और उनकी ठीक तरह से सेवा करने का एक्ट जिसे “ओबामादेखभाल” भी कहा जाता हिया उसे पारित किया. और Dodd-Frank दिवार में सुधर किया साथ ही Consumer Protection Act में भी सुधार किये. विदेशी निति में, ओबामा ने U.S मिलिट्री का इराक युद्ध में हस्तक्षेप को खत्म कर दिया, साथ ही अफगानिस्तान में U.S सैन्य दल को बढाया, नए हतियारो को अपनाया और रशिया के साथ इसका समझौता भी किया. उन्होंने मुअम्मर गद्दाफी के खिलाफ U.S मिलिट्री को लीबिया में शामिल किया, और उन्होंने इस तरह से अपनी मिलिट्री को आदेश दे रखे थे जिसके परिणाम स्वरुप ओसामा बिन लादेन मारा गया. जनवरी 2011 में, प्रजातान्त्रिक पार्टी के 63 सीट हरने के बाद, गणतांत्रिक पार्टी ने राष्ट्रपति भवन पर फिर से अपना कब्ज़ा कर लिया. कई दिनों तक राष्ट्र की कर्ज की सीमा बढाना या नहीं इस विषय पर वाद-विवाद और बहस के बाद, ओबामा ने बजट कण्ट्रोल एक्ट 2011 और अमेरिकन टैक्सपेयर रिलीफ एक्ट 2012 पर अपने हस्ताक्षर किये.
Barack Obama को 2012 में पुनः राष्ट्रपति पद के लिए चुना गया, उन्होंने गणतांत्रिक उम्मेदवार मिट रोमनी को हराया था. और 20 जनवरी 2013 को अपने दुसरे कार्यकाल की शपथ ली. उनके दुसरे कार्यकाल के समय, सैंडी हुक एलीमेंट्री शूटिंग स्कूल को जवाब देते हुए ओबामा ने गन कण्ट्रोल से संबंधित घरेलु नीतियों को बढ़ावा दिया, और कई LGBT अमेरिकान्स को उसमे शामिल होने कहा, और उन्होंने उच्च न्यायलय में राज्य के सुरक्षा संबंधी मैरिज एक्ट और राज्य स्तर पर सामान-सेक्स शादियों को अकानुनी तरीके से बैन किया. विदेशी नीतियों में, ओबामा ने U.S मिलिट्री को ये आदेश दिया की वे इराक में शामिल हो ताकि इस्लामिक राज्यों के 2011 में वहा से निकलने के बाद वे उनका फायदा उठा सके, और अफगानिस्तान के ऑपरेशन को खत्म कर के, क्यूबा के साथ U.S के अच्छे सम्बन्ध स्थापित कर सके.
प्रारंभिक जीवन
Barack Obama का जन्म 4 अगस्त 1961 को कापी’ओलानी मैटरनिटी; ज्ञ्नेकोलोगिकल हॉस्पिटल में होनोलुलु, हवाई में हुआ. और पहले ऐसे राष्ट्रपति बने जिनका जन्म हवाई में हुआ. उनकी माता स्टैनले अन्न दुन्हम का जन्म विचिता केंसास में हुआ जो ज्यादातर इंग्लिश वंश से ही थी. उनके पिता, बराक ओबामा सर एल लुओ थे. ओबामा के माता-पिता 1960 में रुस्सियन भाषा की कक्षा में मिले जहा उनके पिता विदेशी विद्यार्थी थे. उन दोनों ने 2 फेब्रुअरी 1961 में शादी कर ली और अगस्त 1961 में ही अलग हो गये, ओबामा की माता बाद में अपने नजवात शिशु के साथ वाशिंगटन यूनिवर्सिटी एक साल के लिए चली गयी. और उसी समय सर ओबामा स्नातक की पढाई हवाई से ही पूरी कर रहे थे और बाद में उन्होंने शिष्यवृत्ति पर स्कूल में उपस्थित रहना बंद किया. ओबामा के माता पिता का डिवोर्स मार्च 1964 में हुआ. बाद में ओबामा सर केन्या वापिस आ गये जहा उन्होंने दूसरी शादी की. एक कार एक्सीडेंट में 1982 में उनकी मृत्यु हो गयी, ओस समय उनका बीटा 21 वर्ष का था.
1963 में, दुन्हम लोलो सोएटोरो से मिले, जो हवाई यूनिवर्सिटी के ही जियोग्राफी के स्नातक विद्यार्थी थे. और उन्होंने मोलोकाई में 15 मार्च 1965 को एक दुसरे से शादी कर ली. उनके J-1 वीसा के 2 साल के बाद, लोलो इंडोनेशिया वापिस आ गये. वह वे अपने परिवार के साथ रहने लगे. ओबामा 6 साल की उम्र से ही, स्थानिक इंडोनेशिया-भाषा स्कूल जाने लगे, वे सेंट फ्रांसिस ऑफ़ अस्सिसी कैथोलिक स्छोल 2 साल तक और बेसुकी पब्लिक स्कूल डेढ़ साल तक जाते रहे. और इंग्लिश भाषा उन्हें घर पर ही उनकी माता पढ़ाती थी.
ओबामा 1971 में अपने ननिहाल के दादा दादी, मदेल्यं और स्टैनले दुन्हम के साथ होनोलुलु वापिस आ गये. और शिष्यवृत्ति की मदत से 1979 तक पुनाहोऊ स्कूल अटेंड की जब तक की वे स्नातक नहीं हो जाते वे प्रारंभिक स्कूल भी जाते रहे. ओबामा 1972 से 1975 तक अपनी माता और बहन के साथ हवाई में रहे, उनकी माता हवाई यूनिवर्सिटी की मानव विज्ञानं की स्नातक थी.ओबामा ने अपने दादा दादी के साथ हवाई में ही पुनाहोऊ स्कूल से उच्च शिक्षण लेने की ठानी और कुछ समय बाद उनकी माता और बहन इंडोनेशिया वापिस चली गयी थी, जहा उनकी माता ने मानव विज्ञानं का काम करना भी शुरू किया. उनकी माता ने ज्यादा से ज्यादा 2 दशक बाद में इंडोनेशिया में बिताये, जहा 1980 में लोलो ले साथ उनका दिवोर्से और 1992 में उन्होंने Ph.D की डिग्री प्राप्त की. मरने से पहले 1995 में हवाई में गर्भाशय का कैंसर और उस से संबंधी इलाज चलता रहा.
ओबामा ने अपने बचपन को याद करते हुए कहा की, “उनके दिमाग में उनके पिता उनके आस पास के लोगो की तरह काले नहीं थे, और उनकी माता भी दूध की तरह सफ़ेद है”. उन्होंने जवान युवक होते हुए सामाजिक अवधारणा को बदलने और जातीय परंपरा को बंद करने के प्रयासों को भी सार्वजानिक जगहों पर बताया. और कुछ सालो के प्रभाव के बाद होनोलुलु में ओबामा ने लिखा, “एक अवसर जो हवाई मुझे देता है वो है- कई प्रकार की परम्पराओ को एक दुसरे का आदर करते हुए अनुभव करना जो मेरे जीवन का मुख्य भाग बन गया था, और इन सब का जो कुछ भी मेरे पास है उसके लिए बहोत महत्त्व है, ओबामा के लिए वही उनकी दुनिया थी”. ओबामा ने अपने किशोरावस्था में अल्कोहल, मारिजुआना और कोकेन के उपयोग के बारे में भी लिखा और कहा की, “जो ये प्रश्न निर्माण करता था की वे कोन है, वे पूरी तरह से अपने दिमाग के बहार खो जाते थे”. ओबामा ये “चूम गैंग” के सदस्य भी है, ये एक खुद ही का बनाया हुआ दोस्तों का समूह है जो ख़ुशी के समय अपना कुछ समय मारिजुआना पिने में लगाते है.
हाई स्कूल के बाद, ओबामा 1979 में ऑक्सीडेंटल कॉलेज अटेंड करने लोस एंजेल गये. फेब्रुअरी 1981 में, ओबामा ने अपना पहला सार्वजानिक भाषण बनाया, जिसने उन्होंने ऑक्सीडेंटल को साउथ अफ्रीका की रंगभेद की निति को न अपनाने को कहा, ताकि देश का भला हो सके. 1981 में मध्य में, ओबामा ने अपनी माता और बहन को देखने और अपने पकिस्तान के कॉलेज दोस्तों के परिवारों से मिलने इंडोनेशिया की यात्रा की और साथ ही 3 हफ्तों के लिए भारत भी आये. बाद में 1981 में, वे जूनियर की तरह कोलंबिया कॉलेज, कोलंबिया यूनिवर्सिटी, न्यू-यॉर्क में स्थानांतरित हुए, जहा उनकी राजनीती विज्ञानं में प्राथमिकता थी और अंतर्राष्ट्रीय व्यवहार में विशेषता थी. वे 1983 में B.A की डिग्री के साथ स्नातक हुए और एक साल के लिए बिज़नस इंटरनेशनल कारपोरेशन के लिए काम किया, और बाद में न्यू-यॉर्क पब्लिक इंटरेस्ट रिसर्च ग्रुप में काम किया. 1985 में, वे उन नेताओ में से थे जिन्होंने न्यू-यॉर्क को आगे लाने और उनका विकास करने हेतु कई प्रयत्न किये, और उस समय न्यू-यॉर्क की ख़राब परिस्थिति को देखते हुए उन्होंने भूमिगत मार्गो पर ज्यादा ध्यान दिया.ओबामा कई दिनों तक भूमिगत मार्गो से यात्रा कर रहे थे ताकि वे लोगो को विकास की बाते समझा सके और जरुरी जगहों पर उपने हस्ताक्षर देकर उन्हें सही आदेश दे सके और हो रहे काम का निरिक्षण कर सके. सिटी कॉलेज भूमिगत स्टेशन पर उनका बड़ा फोटो भी लगाया गया है जब वे न्यू-यॉर्क की ख़राब और बिगड़ी दशा पर भाषण दे रहे थे जिसपर उनके हस्ताक्षर भी है.